तहलका टुडे टीम
लखनऊ।देश के रक्षा मंत्री और लखनऊ के लोकप्रिय सांसद राजनाथ सिंह के व्यक्तित्व, संघर्ष, नेतृत्व और राष्ट्रसेवा पर आधारित पुस्तक “विजय पुरुष से राष्ट्रप्रहरी राजनाथ सिंह” के भव्य विमोचन की तैयारियां तेज हो गई हैं। इस गरिमामय आयोजन को लेकर भाजपा लखनऊ महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी ने उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से राजभवन पहुंचकर शिष्टाचार भेंट की और उन्हें कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने का औपचारिक निमंत्रण दिया।
सूत्रों के अनुसार, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने इस पुस्तक विमोचन समारोह के लिए उपयुक्त तिथि देने का आश्वासन दिया है। तिथि तय होते ही लखनऊ में इस पुस्तक का भव्य और प्रतिष्ठित विमोचन समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसमें राजनीति, शिक्षा, समाजसेवा और साहित्य जगत की कई विशिष्ट हस्तियों की मौजूदगी की संभावना है।
किसान परिवार से रक्षा मंत्री तक का प्रेरक सफर
भाजपा महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी ने बताया कि यह पुस्तक केवल एक राजनीतिक जीवनी नहीं, बल्कि संघर्ष, सादगी, सेवा, संगठन और राष्ट्रनिष्ठा की प्रेरक गाथा है। इसमें राजनाथ सिंह के जीवन के विभिन्न आयामों को तथ्यात्मक और शोधपरक ढंग से समेटा गया है।
उन्होंने कहा कि पुस्तक में यह विस्तार से दर्शाया गया है कि किस प्रकार एक सामान्य किसान परिवार से निकलकर राजनाथ सिंह ने पहले शिक्षक के रूप में समाज को दिशा दी, फिर संगठन के समर्पित कार्यकर्ता के रूप में अपनी पहचान बनाई और आगे चलकर भारतीय राजनीति के शीर्ष नेतृत्व में स्थान प्राप्त करते हुए देश के रक्षा मंत्री जैसे महत्वपूर्ण पद की जिम्मेदारी संभाल रहे है।
मंडल से राष्ट्रीय अध्यक्ष तक की संगठनात्मक यात्रा
इस पुस्तक की एक खास विशेषता यह है कि इसमें राजनाथ सिंह की संगठनात्मक यात्रा को भी गंभीरता से शामिल किया गया है। पुस्तक बताती है कि कैसे उन्होंने मंडल स्तर से अपनी राजनीतिक सक्रियता की शुरुआत की और अपने अनुशासन, परिश्रम और वैचारिक प्रतिबद्धता के बल पर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जैसे सर्वोच्च संगठनात्मक पद तक का सफर तय किया।
पुस्तक उन युवाओं और कार्यकर्ताओं के लिए भी प्रेरक मानी जा रही है, जो राजनीति को केवल पद नहीं, बल्कि सेवा, विचार और राष्ट्र निर्माण का माध्यम मानते हैं।
शिक्षा मंत्री से रक्षा मंत्री तक की भूमिका का दस्तावेज
पुस्तक में उत्तर प्रदेश के शिक्षा मंत्री, मुख्यमंत्री, देश के गृह मंत्री और रक्षा मंत्री के रूप में राजनाथ सिंह की भूमिकाओं और योगदान को भी तथ्यात्मक रूप से शामिल किया गया है। इसमें उनके प्रशासनिक फैसलों, राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर दृष्टिकोण, संगठन क्षमता और जननेतृत्व को विस्तार से समझाने का प्रयास किया गया है।
इसके साथ ही पुस्तक में यह भी विश्लेषण किया गया है कि उनके विभिन्न निर्णयों और नीतियों का सामाजिक और आर्थिक प्रभाव समाज के अलग-अलग वर्गों पर किस प्रकार पड़ा।
लखनऊ में विमोचन, शहर की तहज़ीब के लिए गौरव का क्षण
राजनाथ सिंह का संबंध लखनऊ से केवल एक सांसद के रूप में नहीं, बल्कि एक ऐसे जननेता के रूप में भी रहा है, जिन्होंने अपनी शालीनता, मर्यादा और संवादशीलता से इस शहर की राजनीतिक संस्कृति को नई पहचान दी है।
ऐसे में तहज़ीब, तमीज़, अदब और सियासी शऊर के शहर लखनऊ में उनके जीवन और कार्यों पर आधारित पुस्तक का विमोचन होना, अपने आप में शहर की सांस्कृतिक और लोकतांत्रिक विरासत के सम्मान का विषय माना जा रहा है।
अम्बर फाउंडेशन ने भी किया समर्थन
इस प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की प्रेरणा से चल रहे अम्बर फाउंडेशन के चेयरमैन वफ़ा अब्बास ने भी समर्थन व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि लखनऊ जैसे तहज़ीब और अदब के शहर में देश के रक्षा मंत्री और सांसद राजनाथ सिंह के जीवन, संघर्ष और राष्ट्रसेवा पर आधारित पुस्तक का विमोचन होना, अपने आप में एक गरिमामय और प्रेरणादायक पहल है।
वफ़ा अब्बास ने कहा कि राजनाथ सिंह जी का सार्वजनिक जीवन शालीनता, सादगी, संतुलन और राष्ट्रनिष्ठा का प्रतीक रहा है। एक किसान परिवार की पृष्ठभूमि से निकलकर शिक्षक, संगठनकर्ता, मुख्यमंत्री, गृह मंत्री और रक्षा मंत्री तक पहुंचने का उनका सफर नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा का विषय है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि यह पुस्तक और उसका विमोचन समारोह युवाओं, छात्रों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और सार्वजनिक जीवन में रुचि रखने वालों के लिए एक महत्वपूर्ण प्रेरणास्रोत साबित होगा।
युवाओं और शोधार्थियों के लिए उपयोगी साबित होगी पुस्तक
राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि “विजय पुरुष से राष्ट्रप्रहरी राजनाथ सिंह” आने वाले समय में राजनीति विज्ञान के छात्रों, शोधार्थियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम पाठकों के लिए एक महत्वपूर्ण संदर्भ पुस्तक साबित हो सकती है।
इसमें व्यक्तित्व के साथ-साथ विचार, कार्यशैली, निर्णय क्षमता और जननेतृत्व को भी समझने का अवसर मिलेगा।
तिथि तय होते ही होगा औपचारिक ऐलान
फिलहाल कार्यक्रम की अंतिम तिथि राज्यपाल कार्यालय से सहमति के बाद तय की जाएगी। तिथि घोषित होते ही भाजपा लखनऊ महानगर की ओर से कार्यक्रम का औपचारिक ऐलान किया जाएगा। इस आयोजन को लेकर कार्यकर्ताओं और समर्थकों में अभी से उत्साह और उत्सुकता देखी जा रही है।
“विजय पुरुष से राष्ट्रप्रहरी राजनाथ सिंह” केवल एक पुस्तक नहीं, बल्कि एक ऐसे जननेता के संघर्ष, सादगी, मर्यादा और राष्ट्रसेवा की प्रेरक दास्तान है, जिसने गांव की मिट्टी से निकलकर देश की सुरक्षा की कमान तक का सफर तय किया। लखनऊ में होने वाला इसका विमोचन निस्संदेह एक गरिमामय और प्रेरणादायक आयोजन साबित होगा।




