नई दिल्ली / लखनऊ | तहलका टुडे डेस्क
ईरान से उठे ग़म के साए जब पूरी दुनिया में महसूस किए जा रहे हैं, ऐसे समय में लखनऊ से इंसानियत की खिदमत का पैग़ाम देने वाले अम्बर फाउंडेशन के चेयरमैन वफ़ा अब्बास दिल्ली स्थित ईरान कल्चर हाउस पहुँचे और आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई की शहादत पर गहरी ताज़ियत और खिराजे अकीदत पेश की।
ईरान कल्चर हाउस का माहौल बेहद ग़मगीन था। वफ़ा अब्बास ने वहाँ मौजूद ईरान में रहबर के भारत में प्रतिनिधि अयातुल्लाह Abdul Majid Hakim Elahi और प्रमुख आलिम Maulana Taqi Naqvi से मुलाक़ात कर ईरान की क़ौम के साथ गहरी हमदर्दी का इज़हार किया।
इस दौरान उन्होंने ईरान कल्चर हाउस में रखी ताज़ियती किताब (Condolence Book) में अपने जज़्बात दर्ज करते हुए शहीद रहबर को खिराजे अकीदत पेश की और दुआ की कि परवरदिगार उन्हें जन्नतुल फिरदौस में आला मकाम अता फरमाए।
वफ़ा अब्बास ने कहा कि अयातुल्लाह सैयद अली खामेनेई की शख्सियत सिर्फ ईरान तक सीमित नहीं थी, बल्कि पूरी दुनिया के मज़लूमों के लिए हिम्मत और इंसाफ़ की आवाज़ थी। उन्होंने हमेशा यह पैग़ाम दिया कि जुल्म के सामने खामोश रहना नहीं बल्कि हक़ और इंसाफ़ के लिए खड़े होना ही इंसानियत का असली तकाज़ा है।
उन्होंने कहा कि आज जब तेहरान और ईरान के दूसरे शहरों से जंग और बमबारी की खबरें सामने आ रही हैं, तो मासूम लोगों और बच्चों की मौत हर इंसाफ पसंद इंसान के दिल को झकझोर देती है। ऐसे समय में दुनिया के लोगों को अमन और इंसानियत के लिए आगे आना चाहिए।
वफ़ा अब्बास ने यह भी कहा कि अगर जंग से प्रभावित लोगों या घायलों के लिए किसी तरह की इंसानी मदद की जरूरत पड़े, अपनी क्षमता के अनुसार हर संभव सहयोग सबको करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान में मज़लूमों की आवाज़ उठाने वाले आलिमों में Maulana Kalbe Jawad Naqvi की रहनुमाई हमेशा इंसाफ़ और इंसानियत का पैग़ाम देती रही है।
गौरतलब है कि लखनऊ में अम्बर फाउंडेशन लंबे समय से समाज सेवा के कई कार्यक्रम चला रहा है। संस्था की ओर से गरीबों के लिए मुफ्त चश्मा वितरण, आँखों के ऑपरेशन, स्वेटर वितरण, मेडिकल कैंप, कलेक्टर बिटिया मुहिम और “हुसैनी लहू – देश के लिए ब्लड डोनेशन कैंप” जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं, जिनसे बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोगों को लाभ मिला है।
वफ़ा अब्बास ने अंत में दुआ की कि दुनिया से जुल्म और नफरत का अंधेरा खत्म हो और इंसानियत को अमन और इंसाफ़ का रास्ता नसीब हो।





